
चुनावी साल में उत्तराखण्ड के पहाड़ी जिलों की दयनीय खेती को सुधार पाएंगे केंद्रीय मंत्री चौहान?
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान 26 जून शुक्रवार को उत्तराखंड आएंगे
उत्तराखंड में “खेत बचाओ अभियान” के तहत शिवराज की सीएम धामी के साथ बैठक, कृषि और ग्रामीण विकास पर होगी चर्चा
पहाड़ का सच नई दिल्ली। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान शुक्रवार 26 जून को उत्तराखंड प्रवास पर रहेंगे। उनके दौरे में किसान, कृषि और ग्रामीण विकास पर फोकस रहेगा। चुनावी साल में केंद्रीय कृषि मंत्री चौहान के उत्तराखंड दौरे पर किसानों की बेहतरी के लिए क्या घोषणाएं करते हैं, इस पर नजरें टिकी हुई हैं।
गौरतलब है कि प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्र के किसान चकबंदी समेत अन्य मुद्दों को लेकर जूझ रहे हैं। कृषि योग्य भूमि के सीमित विकल्प को देखते हुए पर्वतीय काश्तकार कई समस्याओं से जूझ रहे हैं। राज्य गठन के 25 साल बाद लाखों एकड़ कृषि योग्य भूमि खत्म हो चुकी है। पर्वतीय क्षेत्र की अधिकांश कृषि भूमि बंजर हो चुकी है। उत्तराखण्ड को बागवानी प्रदेश बनाने की कोशिश भी परवान नहीं चढ़ पाई है। भू माफिया ने मैदान से लेकर पहाड़ पर कब्जा कर लिया है।
बीते 25 साल में सत्ता के अंदर तक घुस गए इन दलालों ने जमीनों को बड़े पैमाने पर खुर्द बुर्द कर पर्वतीय राज्य के अस्तित्व को ही भारी चोट पहुंचाई है। ऐसे में 26 जून को कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान का उत्तराखण्ड आगमन बिगड़ी सूरत को संवार सकेगा, इसमें भी संदेह बना हुआ है।
अपने इस दौरे में वे एक ओर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी, राज्य के मंत्री और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक में भाग लेंगे, वहीं दूसरी ओर खेत-खलिहान तक पहुंचकर किसानों से सीधा संवाद भी करेंगे तथा पूर्व छात्रों के सम्मेलन में भी शामिल होंगे।
खेती, किसान और गांव की बेहतरी के उद्देश्य से केंद्रीय मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान 26 जून को उत्तराखंड प्रवास के दौरान विभिन्न बैठकों, विभागीय समीक्षा कार्यक्रम और फील्ड विजिट में शामिल होंगे। सुबह केंद्रीय मंत्री चौहान गोविंद बल्लभ पंत कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, पंतनगर में पूर्व विद्यार्थियों के सम्मेलन में शिरकत करेंगे।
रुद्रपुर में “खेत बचाओ अभियान” के अंतर्गत केंद्रीय मंत्री चौहान किसान संवाद, खेतों का भ्रमण, फसल का जायजा और कृषि विषयों पर प्रत्यक्ष चर्चा करेंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री, मंत्री तथा स्थानीय जनप्रतिनिधियों तथा किसानों की सहभागिता रहेगी।
इसके बाद पंत नगर में आयोजित मुख्यमंत्री धामी के साथ उनकी बैठक में राज्य में कृषि के समग्र विकास, किसान हितों, ग्रामीण विकास योजनाओं, केंद्र और राज्य की समन्वित कार्यप्रणाली तथा विकास कार्यों की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की जाएगी।
इस दौरान यह भी समीक्षा होगी कि योजनाओं का लाभ किसानों और ग्रामीण क्षेत्रों तक कितने प्रभावी ढंग से पहुंच रहा है और आगे किन क्षेत्रों में गति बढ़ाने की जरूरत है।

