90 साल की होगी लीज, बनेंगे पांच सितारा होटल
कांग्रेस ने साझा किए तथ्य, सरकार की नीति की आलोचना
पहाड़ का सच देहरादून। कांग्रेस ने शुक्रवार को फिर सरकारी संपत्तियों को निजी हाथों को सौंपे जाने का मुद्दा उठाया है। पूर्व विधायक केदारनाथ मनोज रावत ने मीडिया को जारी एक बयान में कहा कि जो शर्त रखी गई हैं उसके अनुसार सरकारी संपत्ति लीज पर स्थानीय को मिलनी नामुमकिन है। वैसे भी उत्तराखंड की सरकारी संपत्ति 90 साल तक लीज पर रहने से स्थानीय लोगों के लिए हमेशा के लिए दरवाजे बंद हो जाएंगे।
पूर्व विधायक ने पूरे प्रकरण को समझाने के लिए ऋषिकेश के लोक निर्माण विभाग के लिए निकल टेंडर की शर्तों को ज़िक्र किया है। उन्होंने कहा कि ऋषिकेश में भी लोनिवि के पास उतनी ही भूमि है जितनी दुग्गल बिट्टा या फाटा के निरीक्षण भवनों के पास। सरकार इन सभी जगहों पर पांच सितारा बड़े होटल बनाएगी।
ऋषिकेश में मायाकुंड में लोनिवि गेस्ट हाउस को हटाकर वहा फोर स्टार या उससे ऊपर का Luxury Hotel विकसित करने की टेंडर में शर्तें हैं। साइट लगभग 10,120 वर्गमीटर (लगभग 2.5 एकड़) बताई गई है और भूमि PWD की है।
मुख्य शर्तें काफी महत्वपूर्ण हैं। विषय
RFP में प्रावधान
विकास मॉडल
DBFOT
होटल
4-Star या उससे ऊपर
न्यूनतम निवेश
₹100 करोड़
Concession
60 वर्ष
संभावित विस्तार
अगले 30 वर्ष तक
Construction
3 वर्ष
Annual Concession Fee
₹2 करोड़
Escalation
हर 3 वर्ष में 6%
Lease rent
₹1 लाख/वर्ष
EMD
₹2 करोड़
Net Worth
न्यूनतम ₹300 करोड़
टेंडर में कौन भाग ले सकता है –
इसके अलावा bidder के लिए hospitality experience की शर्त भी बहुत विशिष्ट है—कम-से-कम 50 hotels/resorts, कुल 4,000 rooms या अधिक और 60 से अधिक देशों में presence, पिछले 5 financial years के संदर्भ में
एक महत्वपूर्ण बात जो इस RFP में सामने आती है
यह केवल पुराने Guest House को चलाने का tender नहीं है। RFP में साफ तौर पर existing structure को demolish करके नया Luxury Hotel बनाने की बात है।
इसके अलावा 60 साल की concession के साथ अगले 30 साल तक extension की संभावना है। यानी संभावित अधिकतम अवधि 90 वर्ष तक जा सकती है। ऐसा ही दुग्गल बिट्टा और फाटा के निरीक्षण भवनों के साथ भी होगा।

