
राष्ट्रीय सुरक्षा और वीरभूमि के युवाओं के भविष्य पर कुठाराघात: कर्नल रोहित चौधरी
पहाड़ का सच देहरादून। कांग्रेस के भूतपूर्व सैनिक प्रकोष्ठ ने राजधानी में आक्रोश रैली निकाल कर अग्निवीर योजना विरोध में प्रदर्शन किया। प्रकोष्ठ के अध्यक्ष कर्नल रोहित चौधरी ने कहा कि ये योजना राष्ट्रीय सुरक्षा और वीरभूमि के युवाओं के भविष्य पर कुठाराघात है।
गुरुवार को कर्नल रोहित चौधरी और पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत के नेतृत्व में अग्निवीर योजना के विरोध में रैली निकालकर प्रदर्शन किया गया। रैली कांग्रेस मुख्यालय से प्रारंभ होकर घंटाघर , लैंसडाउन चौक पर प्रदर्शन के बाद कांग्रेस भवन में समाप्त हुई। रैली में भारी संख्या में पूर्व सैनिक, युवा और कांग्रेस कार्यकर्ता शामिल रहे।

इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष सैनिक विभाग कर्नल रोहित चौधरी, चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष डॉ हरक सिंह रावत,प्रदेश पूर्व सैनिक विभाग के अध्यक्ष कर्नल राम रतन नेगी, प्रदेश उपाध्यक्ष सैनिक विभाग गोपाल गड़िया, बलबीर सिंह पंवार, वीपी ईसी एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट, आरपी ध्यानी, वीपी विचार विभाग, महेश कुकरेती , चेयरमैन एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट , प्रवक्ता डॉ प्रतिमा सिंह, प्रवक्ता अभिनव थापर, महानगर अध्यक्ष डॉ जसविंदर सिंह गोगी, पूर्व प्रमुख अश्वनी बहुगुणा,सूरत सिंह नेगी, परवादून अशोक नेगि,चेयरमैन एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट ,शेखर सकलानी , वीपी एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट पछवादून श्रीजीत कृषाली , ब्लॉक अध्यक्ष एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट डोईवाला, संजय उपाध्याय ,वीपी एक्स सर्विसमैन डिपार्टमेंट पछवादून, मोहित उनियाल ,डीसीसी अध्यक्ष डोईवाला सोनिया आनंद रावत,सावित्री, प्रशांत खंडूरी, मनीष गोनियाल,यशपाल चौहान,वीरेंद्र पंवार,सूरज छेत्री, सहित कई अन्य गणमान्य पूर्व सैनिक, युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता और पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।

इससे पहले कांग्रेस पार्टी के पूर्व सैनिक विभाग (सैनिक प्रकोष्ठ) के राष्ट्रीय अध्यक्ष कर्नल (सेवानिवृत्त) रोहित चौधरी ने मीडिया से बातचीत में कहा कि ‘अग्निवीर’ (अग्निपथ) भर्ती योजना देश की सैन्य परंपरा व सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है।
कर्नल रोहित चौधरी ने कहा कि देवभूमि और वीरभूमि उत्तराखंड के युवाओं के मन में देशसेवा का जज़्बा है, लेकिन केंद्र सरकार की इस अल्पकालिक योजना ने उनके स्थायी भविष्य और सपनों को चकनाचूर कर दिया है। .उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा से कांग्रेस समझौता बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने आरोप लगाया कि चार साल की यह योजना सेना की युद्धक क्षमता और मनोबल को कमजोर कर रही है। देश को ‘कॉन्ट्रैक्ट’ पर आधारित सेना नहीं, बल्कि स्थायी और प्रशिक्षित सैनिकों की आवश्यकता है।

कांग्रेस का संकल्प है की सरकार आते इस युवा विरोधी और देश विरोधी योजना को खत्म करने का काम करेगी और सेना में पुरानी स्थायी भर्ती प्रक्रिया को पुनः बहाल किया जाएगा। कांग्रेस चुनाव प्रबंधन समिति के अध्यक्ष और पूर्व कैबिनेट मंत्री डॉ. हरक सिंह रावत ने भी केंद्र सरकार को आड़े हाथों लिया।
अपने संबोधन में डॉ. हरक सिंह रावत ने कहा, “उत्तराखंड का हर दूसरा परिवार भारतीय सेना से जुड़ा है। केंद्र सरकार की इस गलत नीति के कारण हमारे राज्य का युवा हताश और ठगा हुआ महसूस कर रहा है। मात्र 4 साल की नौकरी देकर सरकार युवाओं को अधर में लटका रही है। कांग्रेस राज्य के युवाओं के अधिकारों और राष्ट्रीय सुरक्षा से खिलवाड़ को बर्दाश्त नहीं करेगी। .उन्होंने कहा कि आगामी विधानसभा चुनावों में उत्तराखंड की जनता इस दमनकारी योजना का जवाब भाजपा को सत्ता से बेदखल करके देगी।
सियासी सरगर्मियां: अग्निवीर योजना को लेकर राज्य में सियासी सरगर्मियां काफी तेज हैं। कांग्रेस जहां रैलियों के जरिए युवाओं को लामबंद कर रही है, वहीं राज्य सरकार संवाद के जरिए युवाओं को यह समझाने की कोशिश कर रही है कि चार साल बाद भी सरकार उनके रोजगार के लिए संकल्पबद्ध है। उनके हित सुरक्षित रहेंगे।
युवा अग्निवीर संवाद’: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा देहरादून में विशेष ‘युवा अग्निवीर संवाद’ कार्यक्रमों का आयोजन किया गया है, जिसका उद्देश्य अग्निवीर योजना के प्रति युवाओं के मन से गलतफहमियां दूर करना और पूर्व सैनिकों के साथ संवाद स्थापित करना है।
राज्य सरकार की पहल: मुख्यमंत्री ने पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को राज्य की ‘होम स्टे’ योजना में अतिरिक्त छूट देने और उनके रोजगार के लिए विशेष सेल बनाने जैसे कल्याणकारी निर्णय भी लिए हैं।

