
ज्योतिष इंद्रमोहन डंडरियाल
🚩 *~ सनातन पंचांग ~* 🚩
🌤️ *दिनांक – 04 जून 2026*
🌤️ *दिन – गुरूवार*
🌤️ *विक्रम संवत – 2083 (गुजरात अनुसार 2082)*
🌤️ *शक संवत – 1948*
🌤️ *अयन – उत्तरायण*
🌤️ *ऋतु – ग्रीष्म ऋतु*
🌤️ *अमांत – 21 गते ज्येष्ठ मास प्रविष्टि*
🌤️ *राष्ट्रीय तिथि – 14ज्येष्ठ मास*
🌤️ *मास – अधिक ज्येष्ठ*
🌤️ *पक्ष – कृष्ण*
🌤️ *तिथि – चतुर्थी रात्रि 11:30 तक तत्पश्चात पंचमी*
🌤️ *नक्षत्र – उत्तराषाढा 05 जून रात्रि 03:41 तक तत्पश्चात श्रवण*
🌤️ *योग – शुक्ल सुबह 09:03 तक तत्पश्चात ब्रह्म*
🌤️*राहुकाल – दोपहर 01:59 से शाम 03:43 तक*
🌤️ *सूर्योदय – 05:16*
🌤️ *सूर्यास्त – 07:15*
👉 *दिशाशूल – दक्षिण दिशा में*
🚩 *व्रत पर्व विवरण -*
💥*विशेष – चतुर्थी को मूली खाने से धन का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*
🚩~*सनातन पंचांग*~🚩
🌷 *व्रत की तिथि का समय* 🌷
🌞 *व्रत की तिथि हमेशा सूर्योदय से लेकर यानी की आज के सूर्योदय से अगले दिन के सूर्योदय तक व्रत की तिथि मानी जाती है |*
🚩 ~*सनातन पंचांग*~🚩
🌷 *लक्ष्मी की बरकत के लिए* 🌷
🌿 *ईशान कोण में तुलसी का पौधा लगाने से, गंगा जल रखने से या भगवान की मूर्ति रखने से घर में लक्ष्मी की बरकत होती है ।*
🌱 *घर के आँगन में बेल का पौधा लगाने से…..वो घर पाप नाशक व यशस्वी होता है । अगर उत्तर-पश्चिम में है तो यश बढेगा, उत्तर-दक्षिण में हो तो सुख-शांति बढेगा और बीच में है तो मधुर जीवन होगा l रविवार और द्वादश को बेल के पौधे की परिक्रमा करें तो बड़े-बड़े ब्रह्महत्या जैसे पाप ठीक हो जाते हैं।*
🌳 *घर में पीपल का पेड़ ठीक नहीं ….लेकिन खेत-खली में पश्चिम की तरफ पीपल का पेड़ बड़ा सम्पत्तिकारक है।*
🍏 *अमावस्या, शुक्रवार व रविवार छोड़कर आंवले का रस रगड़ के स्नान करने से भी लक्ष्मी स्थायी होती है ….ऐसा पद्म पुराण में आता है ।*
🐄 *गौझरण (गौ मूत्र) से शरीर को रगड़ के स्नान करने से पाप नाशक उर्जा पैदा होती है ।*
🐄 *गाय के दूध की दही …..वह रगड़ के थोड़ी देर “लक्ष्मी नारायण….लक्ष्मी नारायण” जप करें तो घर में लक्ष्मी स्थिर होती है।*
🚩~*सनातन पंचांग* ~ 🚩
🌷 *स्मृतिशक्ति बढ़ाने के लिए* 🌷
👉🏻 *स्मृतिशक्ति बढ़ाने हेतु सिर में नित्य बादाम का तेल अल्प मात्रा में अथवा बादाम तेल व नारियल तेल मिलाकर लगाना लाभप्रद है |*
🚩*~ सनातन पंचांग ~*🚩
🙏🏻🌷🌻🌹🍀🌺🌸🍁💐🌷🙏🙏

