
देहरादून। आज आर्केडिया ग्रांट के बनियावाला क्षेत्र के रावत फार्म हाउस में उत्तराखंड क्रांति दल द्वारा एक जनसभा का आयोजन किया गया था। जिसमें यूकेडी की महिला केंद्रीय अध्यक्ष (सेनि) मेजर संतोष भंडारी, केंद्रीय उपाध्यक्ष आशुतोष नेगी, पूर्व सैनिक संगठन बनियावाला के पदाधिकारी सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए।
यूकेडी की महिला केंद्रीय अध्यक्ष (सेनि) मेजर संतोष भंडारी ने कहा कि उनका राजनीति से दूर तक कोई संबंध नहीं था न इसमें किसी तरह की कोई रुचि थी, लेकिन जब उन्होंने अपने गांव की दुर्दशा देखी, अपने क्षेत्र की महिलाओं की दुर्दशा देखी, बेरोजगार युवाओं की पीड़ा देखी तो मुझे बहुत दुःख हुआ, तो मैंने सोचा कि मैं कैसे इन लोगों की मदद कर सकूं, हम कितनी भी समाज सेवा कर लें पर उससे कुछ होने वाला नहीं है, उसके लिए हमें राजनीति में उतरना पड़ेगा और चुनाव जीत कर विधानसभा में अपनी उपस्थिति दर्ज करानी पड़ेगी।
उन्होंने कहा कि महिलाओं ने कई वर्षों तक संघर्ष किया, इसमें 42 राज्य आंदोलनकारियों ने अपनी शहादत दी। जिसमें दो महिलाएं भी शामिल हैं, लेकिन उत्तराखंड अलग राज्य बनने के बाद चुनाव में राष्ट्रीय पार्टियां आगे आ गई और उन आंदोलनकारियों को भूल गई।
वहीं यूकेडी के केंद्रीय उपाध्यक्ष आशुतोष नेगी ने कहा कि सबसे पहले अपना प्रत्याशी चुनो, कौन लड़ेगा यहां से चुनाव। उन्होंने अपने दल पर भी सवाल खड़े किए हैं कि सोशल मीडिया पर तो हजारों समर्थक सपोर्ट कर रहे हैं पर जमीनी स्तर पर कोई साथ में खड़ा नहीं हो रहा है। आगे उन्होंने कहा कि देहरादून में ज्यादातर विधायक उत्तराखंड से बाहर के लोग हैं, और हम उन्हीं लोगों को हर बार वोट दे रहे हैं। उन्होंने लोगों से अपील की है कि अगर हमें उत्तराखंड को बचाना है तो यूकेडी को विधानसभा में भेजना ही होगा।

