पिटकुल के प्रबंध निदेशक व कार्मिकों ने दो मिनट का मौन रखा

निगम परिसर में झाड़ू लगाकर खुद को स्वच्छता कार्यक्रम से जोड़ा
पहाड़ का सच देहरादून। विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर एमडी पीसी ध्यानी एवं पिटकुल के कार्मिकों द्वारा विस्थापन के दौरान बलिदान हुये सभी नागरिकों को श्रद्धान्जलि अर्पित करते हुये दो मिनट का मौन धारण किया गया।

स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर पिटकुल में प्रबन्ध निदेशक ध्यानी के नेतृत्व में पिटकुल मुख्यालय देहरादून में कार्यरत कार्मिकों द्वारा मुख्यालय परिसर में झाडू लगाकर सफाई की गई। शासन द्वारा दिये गये निर्देशों के अनुपालन में शुक्रवार को प्रबन्ध निदेशक द्वारा अवगत कराया गया कि वर्ष 1947 में देश के विभाजन के समय जान गंवाने, हिंसा के कारण अपना घर-बार छोड़कर विस्थापित होने वाले लाखों नागरिकों की असहनीय पीड़ा, दर्द संघर्ष एवं बलिदान की याद में इस दिन को मनाया जाता है।
इसकी शुरुआत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा वर्ष 2021 में की गयी थी तथा मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा प्रदेश में इस दिवस को मनाये जाने की शुरूवात की गयी। ध्यानी ने द्वारा अवगत कराया गया कि इस दिन को मनाने का उद्देश्य बंटवारे के वक्त हुयी हिंसा और अमानवीय परिस्थितियों में जान-माल गंवाने वाले नागरिकों को श्रद्धांजलि देना है। साथ ही जिन लोगों द्वारा अपना सब कुछ खोने के बाद भी शून्य से अपने जीवन की शुरूआत की गयी उनके अदम्य साहस को सम्मान देना है।

उन्होंने कहा कि पीढियों को विभाजन की त्रासदी से अवगत कराना हम सब की जिम्मेदारी है, जिससे आगे आने वाली पीढी नफरत, भेदभाव तथा समाजिक विभाजन के परिणामों को समझ सके साथ ही देश में एकता, शान्ति, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे की भावना को मजबूत रखने में अपना योगदान दे सके।
इस अवसर पर मुख्य अभियन्ता स्तर-1 ईला चन्द पन्त, मुख्य अभियन्ता स्तर-।। अनुपम सिंह, पंकज कुमार, मन्तराम, जितेंद्र चतुर्वेदी, महाप्रबंधक HR ashok Kumar जुयाल, महाप्रबन्धक (वित्त) मनोज कुमार, कम्पनी सचिव, अरूण सभरवाल, अधीक्षण अभियन्त, श्री सूर्य प्रकाश आर्य, श्री ललित कुमार, अविनाश चन्द अवस्थी, नीरज पाठक, राजकुमार, श्रीमती सायमा कमाल, उपमहाप्रबन्धक (वित्त) श्रीमती शालू जैन, उपमहाप्रबन्धक (मासं) विवेकानन्द, अधिशासी अभियन्ता श्री जगवीर सिंह, मुकेश चन्द्र बड़थ्वाल, रविन्द्र कुमार, राजीव सिंह एवं मुख्यालय पर कार्यरत अन्य कार्मिक उपस्थित रहे।
