
छात्रों के आंदोलन पर मीडिया में दिए बयान का वीडियो हुआ वायरल
पहाड़ का सच देहरादून। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट ने सोशल मीडिया में वायरल वीडियो पर अपनी सफाई में कहा कि उन्होंने सालो नहीं सारों कहा। विपक्ष उनके बयान को तोड़-मरोड़कर पेश किया जा रहा है।
शनिवार को प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर मीडिया के समक्ष अपना बयान दे रहे थे। वीडियो में वह बोल रहे हैं कि आंदोलन छात्रों को गुमराह करके किया गया था। हम बार-बार कहते भी हैं। लेकिन जब किसी बात को ठीक प्रकार से पहुंचाने की क्षमता नहीं हो पाती है तो इस प्रकार के परिणाम देखने को मिलते हैं।
भट्ट ने कहा कि मैं कह सकता हूं कि धर्मेंद्र प्रधान का यह छात्रहित में लिया गया निर्णय है। जो छात्र घरों में भी थे, जिनका लेना देना नहीं था, उनको भी एक अच्छा मैसेज धर्मेंद्र प्रधान ने दिया है। मोदी सरकार में हमेशा जो जनभावनाएं होती हैं। जो जनता को एक प्रकार से दिग्भ्रमित करने का प्रयास होता है, उन सबको रोकने का जो निर्णय होता है, वह धर्मेंद्र प्रधान ने लिया है।
वीडियो वायरल होने के बाद महेंद्र भट्ट ने दूसरी वीडियो जारी करके अपनी सफाई दी। बोले कि मेरे एक बयान को विपक्ष द्वारा गलत ढंग से प्रचारित किया जा रहा है। मैंने इस प्रकार के शब्दों का प्रयोग नहीं किया। मैंने उसमें कहा है कि जिनको सारों को इस आंदोलन से कोई लेना देना नहीं था, उस प्रकार की शब्दावली मैंने कही है। इसे गलत ढंग से प्रस्तुत न किया जाए। उधर, पीसीसी अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने भाजपा अध्यक्ष भट्ट का वो वीडियो जारी किया है जिसको लेकर आपत्ति जताई जा रही है।

