
मेले को लेकर प्रस्तावित व्यवस्थाओं की मौके पर पड़ताल कर भीड़ एवं यातायात प्रबंधन के लिए समुचित प्रबंध करने के दिए निर्देश
पहाड़ का सच हरिद्वार। कुंभ मेला-2027 की तैयारियों को व्यवस्थित एवं समयबद्ध रूप से आगे बढ़ाने के लिए मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका ने सोमवार को कुंभ नगरी के विभिन्न क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि मेले के दौरान देश-विदेश से आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।
मेलाधिकारी ने भीड़ प्रबंधन, पार्किंग एवं ट्रैफिक नियंत्रण से संबंधित प्रस्तावित योजनाओं की मौके पर समीक्षा करते हुए कहा कि कुंभ जैसे विराट आयोजन के लिए सुविचारित योजना, समन्वित कार्यप्रणाली तथा निरंतर निगरानी आवश्यक है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए। अधिकारियों के साथ विस्तृत विचार-विमर्श कर व्यवस्थाओं की व्यवहारिकता, संभावित चुनौतियों तथा उनके समाधान पर चर्चा की गई।

निरीक्षण के दौरान मेला प्रशासन एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ बैरागी कैंप, दक्ष क्षेत्र, जगजीतपुर, गौरीशंकर क्षेत्र तथा नजीबाबाद मार्ग स्थित कुंभ नगरी के प्रवेश स्थल प्वाइंट 4.2 का भ्रमण किया गया। मेलाधिकारी ने इन क्षेत्रों में पार्किंग स्थलों की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित करने के साथ-साथ सभी सेक्टरों में मूलभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण पर भी जोर दिया।
उन्होंने निर्देश दिए कि पेयजल आपूर्ति की निरंतर व्यवस्था, पर्याप्त संख्या में शौचालयों की स्थापना, नियमित साफ-सफाई, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, समुचित प्रकाश व्यवस्था तथा सुरक्षा के व्यापक प्रबंध सुनिश्चित किए जाएं। प्रत्येक सेक्टर में चिकित्सा सहायता केंद्र एवं आपातकालीन सेवाओं की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जाएगी, ताकि किसी भी आकस्मिक स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटा जा सके।
मेलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सभी चिन्हित अस्थायी पार्किंग स्थलों का समय से समतलीकरण कराया जाए, जल निकासी की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए तथा संपर्क मार्गों को सुदृढ़ एवं व्यवस्थित किया जाए। उन्होंने इस बात पर विशेष बल दिया कि सड़क मार्ग से आने वाले श्रद्धालु नगर के आंतरिक क्षेत्रों में प्रवेश किए बिना ही सुगमतापूर्वक एवं सुव्यवस्थित ढंग से निर्धारित स्नानघाटों तक पहुंच सकें। इसके लिए प्रभावी प्रबंध सुनिश्चित किए जाएं।
उन्होंने कहा कि हरिद्वार में निर्माणाधीन रिंग रोड तथा नजीबाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) परियोजना को ध्यान में रखते हुए पार्किंग एवं ट्रैफिक प्रबंधन की कार्ययोजना में आवश्यक संशोधन किये जांय। इस दौरान एसपी (सिटी) अभय सिंह ने भीड़ प्रबंधन एवं यातायात नियंत्रण की प्रस्तावित कार्ययोजना की जानकारी दी। उप मेलाधिकारी मनजीत सिंह ने संबंधित क्षेत्रों में की जाने वाली व्यवस्थाओं की विस्तृत रूपरेखा प्रस्तुत की।
कुम्भ मेला के स्थायी कार्यों को 31 अक्टूबर तक पूर्ण करने के निर्देश, अपर मेलाधिकारी ने किया स्थलीय निरीक्षण
आगामी कुम्भ मेला-2027 के सफल एवं सुव्यवस्थित आयोजन के लिए मेला प्रशासन द्वारा स्वीकृत स्थायी विकास कार्यों को समयबद्ध रूप से पूर्ण कराने हेतु विशेष अभियान चलाया जा रहा है। श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा, सुगमता तथा स्वास्थ्य सेवाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए राज्य सरकार द्वारा स्वीकृत विभिन्न परियोजनाओं के लिए स्पष्ट टाइमलाइन निर्धारित की गई है। .मेला प्रशासन ने सभी कार्यदायी संस्थाओं को निर्देशित किया है कि वे स्वीकृत कार्यों को आगामी 31 अक्टूबर, 2026 तक हर हाल में पूर्ण करें। मेलाधिकारी श्रीमती सोनिका के निर्देशन में निर्माण कार्यों की नियमित समीक्षा की जा रही है। गुणवत्ता नियंत्रण के लिए नामित अधिकारी लगातार कार्यस्थलों का निरीक्षण कर रहे हैं, ताकि निर्माण कार्यों की प्रगति गुणवत्ता मानकों के अनुरूप सुनिश्चित की जा सके। मेला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसी भी स्तर पर लापरवाही या अनावश्यक विलंब को गंभीरता से लिया जाएगा।
इसी सिलसिले में मंगलवार को अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती ने संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ कुम्भ मेला-2027 के अंतर्गत संचालित विभिन्न निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए अभियंताओं को निर्देशित किया कि निर्धारित समयसीमा के अनुरूप कार्यों में तेजी लाई जाए। .उन्होंने निर्माण सामग्री की नियमित जांच कराने तथा सभी तकनीकी एवं गुणवत्ता मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही प्रत्येक कार्य की प्रगति रिपोर्ट नियमित रूप से मेला कार्यालय को उपलब्ध कराने को कहा।
अपर मेलाधिकारी ने धनौरी-सिडकुल लिंक मार्ग पर पथरी रौ नदी-पुरानी गंग नहर पर स्वीकृत पुल के निर्माण कार्य का भी निरीक्षण किया।
उन्होंने नींव निर्माण एवं पाइलिंग की तैयारियों का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि कार्य में किसी प्रकार की शिथिलता न बरती जाए और सभी तकनीकी मानकों का पालन करते हुए कार्य समय से पूर्ण किया जाए। .उन्होंने कहा कि यह सेतु कुम्भ मेला अवधि में यातायात को सुगम बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
कुम्भ मेला की तैयारियों के अंतर्गत बहादराबाद विकासखण्ड में धनौरी-सिडकुल मोटर मार्ग के हॉटमिक्स द्वारा डामरीकरण एवं सुधार कार्य भी प्रारंभ हो चुका है। लगभग 8.4 किलोमीटर लंबाई तक इस मार्ग के सुदृढ़ीकरण कार्य का निरीक्षण करते हुए अपर मेलाधिकारी ने निर्देश दिए कि क्षतिग्रस्त हिस्सों को प्राथमिकता के आधार पर ठीक किया जाए तथा समुचित ड्रेनेज व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि डामरीकरण के बाद सड़क को किसी प्रकार की क्षति न पहुंचे।
इसके अतिरिक्त अपर मेलाधिकारी ने अधिकारियों की टीम के साथ रोशनाबाद, हरिद्वार में निर्माणाधीन औषधि भंडारण कक्ष का भी निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए निर्देश दिए कि निर्माण सामग्री की नियमित सैंपलिंग कराई जाए तथा समय-समय पर थर्ड पार्टी गुणवत्ता परीक्षण भी सुनिश्चित किया जाए। कुम्भ मेला की व्यवस्थाओं के अंतर्गत निर्मित किए जा रहे इस वेयरहाउस में औषधियों के सुरक्षित भंडारण के लिए आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। साथ ही नियंत्रित तापमान पर दवाओं के संरक्षण हेतु समुचित कोल्ड चेन व्यवस्था भी स्थापित की जाएगी।
कुम्भ मेला-2027 के अंतर्गत स्वास्थ्य सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण के लिए ₹251.98 लाख लागत की इस योजना को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इस परियोजना के पूर्ण होने से न केवल कुम्भ मेला अवधि में बल्कि उसके पश्चात भी स्वास्थ्य विभाग को दवाओं एवं चिकित्सा सामग्री के सुरक्षित भंडारण तथा सुव्यवस्थित वितरण में व्यापक सुविधा प्राप्त होगी।
निरीक्षण के दौरान कुम्भ मेला हेतु गठित तकनीकी सेल के अधिशासी अभियंता प्रवीन कुमार सहित संबंधित विभागों एवं कार्यदायी संस्थाओं के अभियंता उपस्थित रहे।

