
पिथौरागढ़। जनपद के मुनस्यारी विकासखंड में एक बीमार महिला को इलाज के लिए डोली के सहारे 10 किलोमीटर दूर सड़क तक पहुंचाना पड़ा। कंधे पर डोली उठाए ग्रामीण इस दूरी को तय करने के लिए उबड़-खाबड़ रास्तों से होकर चले। इसके बाद बीमार महिला को मदकोट से वाहन से जिला अस्पताल भेजा गया।
मिली जानकारी अनुसार मुनस्यारी के गांधीनगर गांव निवासी सरुली देवी उम्र 50 वर्ष के पेट में अचानक तेज दर्द हुआ। गांव में उपचार की कोई सुविधा नहीं है। ऐसे में परिजनों के अनुरोध पर गांव के युवा जुटे और बीमार महिला को डोली में बिठाकर बेहद कठिन रास्ते से होते हुए सड़क तक पहुंचाया। पहले बीमार महिला को मदकोट के रास्ते 28 किमी दूर मुनस्यारी स्वास्थ्य केंद्र में दिखाया। इसके बाद बेहतर इलाज के लिए परिजन उन्हें जिला अस्पताल ले गए।
बताते चलें कि सीमांत मुनस्यारी ब्लाक का गांधीनगर गांव आजादी के सात दशक बाद भी सड़क सुविधा से नहीं जुड़ पाया है। विडंबना यह है कि गांधीनगर गांव देश को आजादी दिलाने वाले स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नरीराम का गांव है।
गांधीनगर गांव की ग्राम प्रधान तारा विश्वकर्मा कहती हैं कि गांव में लगभग 250 परिवार निवास करते हैं। उनके गांव में स्वास्थ्य, शिक्षा और सड़क जैसी सुविधाओं का अभाव है। उनका कहना है कि गांव तक सड़क बननी चाहिए। जिससे ग्रामीणों को इस तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े। पूर्व जिला पंचायत सदस्य जगत मर्तोलिया ने बताया कई बार सड़क की मांग को लेकर धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं, मगर अभी तक हालात नहीं बदले हैं।

