
सीएम धामी ने पीएम मोदी व वित्त मंत्री सीतारमन से किया था अनुरोध

पहाड़ का सच देहरादून। केंद्र सरकार ने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के अनुरोध पर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अधूरे कार्यों की समय-सीमा ने विस्तार की मंजूरी दे दी है। मुख्यमंत्री के अनुरोध पर प्रधानमंत्री मोदी व वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सड़क योजना के कार्यों की समय-सीमा विस्तार को स्वीकृति दी है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा प्रदेश में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत लंबित कार्यों एवं देनदारियों के निस्तारण हेतु समय-सीमा बढ़ाने के संबंध में किए गए अनुरोध पर केंद्रीय वित्त मंत्रालय द्वारा सकारात्मक निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री के अनुरोध पर केन्द्र सरकार द्वारा पीएमजीएसवाई -I के अंतर्गत शेष देनदारियों के भुगतान तथा पीएमजीएसवाई -II एवं पीएमजीएसवाई -III के अधूरे कार्यों को पूर्ण करने के लिए समय-सीमा को बढ़ाकर 31 मार्च 2027 तक कर दिया है।
मुख्यमंत्री धामी ने इसके लिये प्रधामंत्री नरेन्द्र मोदी एवं केन्द्रीय वित्त मंत्री श्रीमती सीतारमण का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे राज्य में सड़क संपर्क व्यवस्था को सुदृढ़ करने में तेजी आएगी और ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को नई गति मिलेगी।
उत्तराखंड में कब शुरू हुई प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना
उत्तराखंड में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) की शुरुआत 25 दिसंबर 2000 को हुई थी। यह योजना भारत सरकार द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में सभी मौसमों के अनुकूल सड़क कनेक्टिविटी प्रदान करने के उद्देश्य से शुरू की गई थी, जिसके तहत उत्तराखंड जैसे पहाड़ी राज्यों में 250 से अधिक की आबादी वाले गांवों को जोड़ने का लक्ष्य रखा गया।
मुख्य तथ्य:
शुरुआत: 25 दिसंबर 2000 (केंद्र सरकार द्वारा)।
उद्देश्य: पर्वतीय, रेगिस्तानी और आदिवासी क्षेत्रों में 250+ की आबादी वाली बस्तियों को बारहमासी सड़क से जोड़ना।
विकास: वर्ष 2017-18 में उत्तराखंड को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए प्रथम स्थान मिला था।
हाल ही में केंद्र सरकार ने उत्तराखंड में पीएमजीएसवाई-प्रथम चरण के शेष कार्यों को पूरा करने की समय सीमा मार्च 2027 तक बढ़ा दी है।
